चुनाव से पहले ममता का बड़ा दांव: 10वीं पास बेरोजगारों को मिलेगा मासिक भत्ता

कोलकाता
बंगाल में कुछ दिन बाद होने वाले विधानसभा चुनाव की घोषणा से ठीक पहले मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने युवाओं और बेरोजगारों के लिए बड़ा दांव खेला। एसआइआर के बाद मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने के खिलाफ कोलकाता के धर्मतल्ला में दूसरे दिन जारी धरना मंच से ममता ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर लोगों को संबोधित करते हुए बड़ी घोषणा की कि राज्य के 10वीं पास या उससे उपर के बेरोजगार युवाओं को आज यानी शनिवार से ही अब हर महीने 1500 रुपये का बेरोजगारी भत्ता दिया जाएगा।

क्या है बांग्ला युवा साथी योजना?
चुनाव से पहले बेरोजगारी युवाओं को भत्ता देने के लिए ममता सरकार ने हाल में पेश राज्य बजट में नई बांग्ला युवा साथी योजना की घोषणा की थी। विशेष बात यह है कि पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार यह योजना एक अप्रैल से लागू होनी थी, लेकिन ममता ने इसे तत्काल प्रभाव से लागू करने का निर्देश देकर सबको चौंका दिया।

ममता की घोषणा के बाद राज्य सरकार ने इस योजना के तहत युवा लाभार्थियों को शनिवार से ही वित्तीय सहायता उनके बैंक खातों में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी। योजना के तहत राज्य के ऐसे छात्र या युवा जिन्होंने माध्यमिक परीक्षा पास कर ली है, लेकिन अभी तक उन्हें नौकरी नहीं मिली है, उन्हें प्रति माह 1,500 रुपये का भत्ता दिया जाएगा।

भूमिहीन मजदूरों को भी मिलेगा सहयोग
ममता ने राज्य बजट में युवा साथी के अलावा भूमिहीन खेत मजदूरों के लिए घोषित योजना को भी अप्रैल के बजाय आज से ही शुरू करने की घोषणा की। ममता ने कहा कि राज्य सरकार अपने वादों को निभाने के लिए प्रतिबद्ध है। हम जो कहते हैं, वो करते हैं।

युवा साथी योजना के तहत 21 से 40 वर्ष की आयु के लगभग एक करोड़ युवाओं को इस वित्तीय सहायता का लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह भत्ता उन छात्र-छात्राओं और युवाओं को दिया जा रहा है जो फिलहाल किसी अन्य सरकारी योजना के लाभार्थी नहीं हैं। उन्होंने इसे महिला दिवस के उपलक्ष्य में युवाओं के लिए एक उपहार करार दिया।

बंगाल की बेरोजगारी दर में गिरावट
ममता ने राज्य में रोजगार के आंकड़ों को रेखांकित करते हुए दावा किया कि बंगाल में बेरोजगारी दर में 40 प्रतिशत की भारी गिरावट आई है। उन्होंने उत्कर्ष बांग्ला जैसे कौशल विकास कार्यक्रमों की सफलता का जिक्र करते हुए कहा कि अब तक 40 लाख लोगों को प्रशिक्षित किया जा चुका है, जिनमें से 10 लाख युवाओं को सीधे रोजगार प्राप्त हुआ है।

ममता ने इस दौरान केंद्र सरकार पर बकाया फंड को लेकर निशाना साधा और कहा कि छह लाख करोड़ रुपये का कर्ज चुकाने के बावजूद बंगाल की विकास दर (जीएसडीपी) देश में शीर्ष पर है। उन्होंने राज्य में बन रहे छह आर्थिक गलियारों, बीरभूम के देवचा पचामी कोयला ब्लाक में एक लाख नौकरियों की संभावना और आइटी क्षेत्र में बेंगलुरु से बेहतर प्रदर्शन का भी दावा किया।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *