बिहार पुलिस में अनुशासन पर सवाल, सोशल मीडिया रील्स के कारण दरोगा पर कार्रवाई तय

पटना
बिहार पुलिस में सोशल मीडिया और रील बनाने का क्रेज रुकने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा मामला खगड़िया जिले से सामने आया है, जहाँ एक महिला सब-इंस्पेक्टर को पुलिस मुख्यालय के सख्त आदेशों की धज्जियां उड़ाना भारी पड़ गया है। परबत्ता थाने में तैनात महिला दरोगा निशा कुमारी का वर्दी पहनकर फिल्मी गानों पर रील बनाना अब उनके करियर के लिए मुसीबत बन गया है। वीडियो वायरल होते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और अब उन पर निलंबन की नौबत आ गई है।
मुख्यालय के आदेश को दिखाया ठेंगा
बता दें कि बिहार पुलिस मुख्यालय ने हाल ही में एक लिखित आदेश जारी किया था, जिसमें स्पष्ट कहा गया था कि कोई भी पुलिसकर्मी ड्यूटी के दौरान या वर्दी पहनकर रील, वीडियो या फोटो सोशल मीडिया पर पोस्ट नहीं करेगा। इसके पीछे का मकसद पुलिस की छवि को गंभीर बनाना और अनुशासन बनाए रखना था। लेकिन दरोगा निशा कुमारी पर इन आदेशों का कोई असर नहीं दिखा। उन्होंने न केवल रील बनाई, बल्कि उन्होंने फिल्मी गानों पर टशन दिखाते हुए कई वीडियो अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘इंस्टाग्राम’ अकाउंट पर शेयर किए।
सोशल मीडिया से वीडियो डिलीट किया
जैसे ही दरोगा साहिबा की रील सोशल मीडिया पर जबरदस्त तरीके से वायरल हुई, इसकी भनक गोगरी एसडीपीओ साक्षी कुमारी को लग गई। अधिकारियों के तेवर देख निशा कुमारी ने आनन-फानन में अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से सभी वीडियो डिलीट कर दिए। हालांकि, तब तक बहुत देर हो चुकी थी और वीडियो के स्क्रीनशॉट्स व क्लिप्स अधिकारियों तक पहुँच चुके थे। एसडीपीओ साक्षी कुमारी ने इस मामले को अनुशासनहीनता का गंभीर मामला मानते हुए दरोगा से जवाब-तलब किया है।
एसपी की रिपोर्ट के बाद बढ़ेगी मुश्किलें
गोगरी एसडीपीओ साक्षी कुमारी ने मामले पर सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि पुलिस की वर्दी की एक गरिमा होती है और उसे ठेस पहुँचाने की इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती। उन्होंने बताया कि महिला सब-इंस्पेक्टर निशा कुमारी को कड़ी हिदायत दी गई है। एसडीपीओ ने स्पष्ट किया कि जिले के एसपी के वापस लौटते ही उन्हें विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपी जाएगी और जिसके बाद विभागीय कार्रवाई के तहत सस्पेंशन या अन्य बड़ी सजा मिल सकती है।



