केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 36 विभूतियों एवं संस्थाओं को राज्य अलंकरण से किया सम्मानित

IndiaEdgeNews:
रायपुर
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ अब नक्सलवाद के भय और हिंसा के वातावरण से निकलकर शांति, विकास और समृद्धि की नई यात्रा पर आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रयासों से प्रदेश में विकास की नई संभावनाओं के द्वार खुल रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक समय छत्तीसगढ़ के बारे में कहा जाता था कि यहां की धरती अमीर है, लेकिन लोग गरीब हैं। आने वाले दस वर्षों में छत्तीसगढ़ की धरती भी समृद्ध रहेगी और यहां के लोग भी समृद्ध एवं खुशहाल होंगे। यही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज नवा रायपुर में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्योत्सव 2026 के समापन एवं राज्य अलंकरण समारोह को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। समारोह की अध्यक्षता मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने की। इस अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री ने प्रदेश की विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली विभूतियों एवं संस्थाओं को प्रतिष्ठित राज्य अलंकरण सम्मान प्रदान किए। उन्होंने महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त की राशि भी प्रदेश की लाखों महिलाओं के बैंक खातों में अंतरित की।
केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने अपने उद्बोधन की शुरुआत भारत माता, प्रभु राम और छत्तीसगढ़ महतारी के जयकारों के साथ की। उन्होंने छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना की 26वीं वर्षगांठ पर प्रदेशवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि आज का दिन छत्तीसगढ़ के लिए गौरव, सिद्धि और संकल्प का दिन है। गौरव, पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की उस विरासत का है, जिन्होंने छत्तीसगढ़ को अलग राज्य की पहचान दी। सिद्धि नक्सलवाद के उन्मूलन के संकल्प की है और संकल्प प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण का है।
अटल जी ने बनाया छत्तीसगढ़, प्रधानमंत्री मोदी ने विकास को दी नई दिशा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि वर्ष 2000 में छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण अटल जी की दूरदर्शिता और इस क्षेत्र के विकास की आवश्यकता को ध्यान में रखकर किया गया था। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के गठन के पीछे यहां की जनता को विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने और क्षेत्रीय आकांक्षाओं को नई पहचान देने का उद्देश्य था।
शाह ने कहा कि अटल जी ने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ को संवारने का कार्य किया है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राज्य गठन के बाद छत्तीसगढ़ ने विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण प्रगति की है और अब प्रदेश विकसित भारत के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
नक्सलवाद के विरुद्ध सुरक्षा बलों के साहस और बस्तर की जनता के सहयोग को किया नमन
केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने नक्सलवाद के विरुद्ध अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ के आदिवासी अंचलों ने लंबे समय तक हिंसा और भय का सामना किया है। जिन जंगलों में महुआ, तेंदूपत्ता और लोकगीतों की पहचान होनी चाहिए थी, वहां बारूदी सुरंगें बिछाई गईं। जिन बच्चों के हाथों में किताबें और कलम होनी चाहिए थीं, उन्हें हिंसा की ओर धकेला गया। स्कूलों और सड़कों जैसी विकास की बुनियादी सुविधाओं को भी नक्सली हिंसा से नुकसान पहुंचाया गया।
उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार ने नक्सलवाद के उन्मूलन के लिए स्पष्ट रणनीति और दृढ़ संकल्प के साथ कार्य किया है। उन्होंने केंद्रीय सुरक्षा बलों और छत्तीसगढ़ पुलिस के जवानों के साहस, समर्पण और बलिदान की सराहना करते हुए कहा कि सुरक्षा बलों के पराक्रम और स्थानीय जनता के सहयोग से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति एवं विकास का वातावरण तैयार हुआ है।
शाह ने कहा कि सरकार की नीति स्पष्ट है। जो लोग हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण करते हैं, उन्हें समाज की मुख्यधारा में शामिल होने का अवसर दिया जाता है। वहीं कानून तोड़कर निर्दोष नागरिकों के जीवन को खतरे में डालने वालों के विरुद्ध सुरक्षा बल कार्रवाई करते हैं। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद के विरुद्ध अभियान में बड़ी संख्या में लोगों ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटने का रास्ता चुना है।
केंद्रीय गृह मंत्री ने नक्सली हिंसा से दिव्यांग हुए लोगों के पुनर्वास का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रभावित लोगों को कृत्रिम अंग उपलब्ध कराकर उनके जीवन को सुगम बनाने का प्रयास किया गया है। उन्होंने कहा कि मानवाधिकारों की चिंता करते समय नक्सली हिंसा के पीड़ित निर्दोष नागरिकों, आदिवासियों, बच्चों और सुरक्षाकर्मियों के अधिकारों को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।
नक्सलवाद के अवरोध दूर होने से पर्यटन और रोजगार की संभावनाओं का होगा विस्तार
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक सौंदर्य, वन संपदा, खनिज संसाधनों और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से परिपूर्ण प्रदेश है। नक्सलवाद के कारण लंबे समय तक बस्तर सहित अनेक क्षेत्रों की पर्यटन संभावनाएं पूरी तरह विकसित नहीं हो सकीं। अब सुरक्षा और शांति का वातावरण बनने से पर्यटन, उद्योग, व्यापार तथा रोजगार के नए अवसर उपलब्ध होंगे।
उन्होंने चित्रकोट जलप्रपात, तीरथगढ़ जलप्रपात, कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान, मां बम्लेश्वरी मंदिर, मां दंतेश्वरी मंदिर और बस्तर दशहरा जैसी प्रमुख पर्यटन एवं सांस्कृतिक धरोहरों का उल्लेख करते हुए कहा कि इन स्थलों में देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करने की अपार क्षमता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में छत्तीसगढ़ देश के अग्रणी पर्यटन राज्यों में अपनी पहचान स्थापित करेगा।
शाह ने कहा कि पर्यटन के विस्तार से स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, हस्तशिल्प और पारंपरिक उत्पादों को बाजार उपलब्ध होगा तथा ग्रामीण एवं जनजातीय क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति और जनजातीय परंपराओं को मिल रही नई पहचान
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति की सराहना करते हुए कहा कि यह प्रदेश गुरु घासीदास के सामाजिक समानता के संदेश और गुरु नानक देव जी की सेवा एवं सत्य की शिक्षाओं से प्रेरणा प्राप्त करता है। सेवा, समरसता और सच्चाई छत्तीसगढ़ के सामाजिक जीवन के महत्वपूर्ण संस्कार हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ की लोककला, जनजातीय परंपराओं और सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए कार्य कर रही है। बस्तर पंडुम और बस्तर ओलंपिक जैसे आयोजनों के माध्यम से जनजातीय समाज की संस्कृति, खेल प्रतिभाओं और पारंपरिक जीवनशैली को नई पहचान मिल रही है।
शाह ने पंथी, पंडवानी, राउत नाचा, करमा और सैला नृत्य सहित छत्तीसगढ़ की विभिन्न लोककलाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बस्तर की पारंपरिक वेशभूषा, खानपान, लोकनृत्य, हस्तशिल्प और सांस्कृतिक परंपराओं में वैश्विक पहचान प्राप्त करने की क्षमता है। उन्होंने बस्तर दशहरा की विशिष्ट परंपरा की भी सराहना की।
नवा रायपुर को पीपल सिटी बनाने की पहल, पर्यावरण संरक्षण का बनेगा उदाहरण
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नवा रायपुर में विकसित भारत संकल्प पार्क के लोकार्पण का उल्लेख करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास की दिशा में यह महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने बताया कि इस पार्क में लगभग 2,500 पीपल के पौधे लगाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि नवा रायपुर को पीपल सिटी के रूप में विकसित करने का संकल्प लिया गया है। इसके अंतर्गत पांच लाख पीपल के पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने इस अभियान के लिए वित्त एवं आवास तथा पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी को विशेष जिम्मेदारी सौंपे जाने का उल्लेख किया।
शाह ने कहा कि इस पहल से नवा रायपुर को पर्यावरण अनुकूल और हरित शहर के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में नवा रायपुर पर्यावरण संरक्षण और नियोजित शहरी विकास का महत्वपूर्ण उदाहरण बनेगा।
मोदी की गारंटी के 70 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरे करने का उल्लेख
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय तथा उपमुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा के कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने कम समय में मोदी की गारंटी के 70 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरे किए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना, किसानों से संबंधित घोषणाओं, महतारी वंदन योजना, लघु वनोपज, पशुपालन और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों सहित विभिन्न क्षेत्रों में राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है।
शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ के विकास में कृषि, वन संपदा, उद्योग और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण भूमिका है। सरकार का प्रयास है कि विकास का लाभ प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों और अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
राज्य गठन के बाद बजट में 30 गुना और प्रति व्यक्ति आय में 17 गुना वृद्धि का उल्लेख
केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने छत्तीसगढ़ की 26 वर्षों की विकास यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य गठन के बाद प्रदेश ने आर्थिक, शैक्षणिक और अधोसंरचनात्मक विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने अपने उद्बोधन में बताया कि छत्तीसगढ़ के वार्षिक बजट में लगभग 30 गुना, प्रति व्यक्ति आय में 17 गुना और सकल राज्य घरेलू उत्पाद में लगभग 25 गुना वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि इस अवधि में आईटीआई संस्थानों की संख्या दोगुनी, इंजीनियरिंग महाविद्यालयों की संख्या तीन गुना, पॉलिटेक्निक संस्थानों की संख्या छह गुना तथा महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों की संख्या में भी लगभग छह गुना वृद्धि हुई है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की साक्षरता दर लगभग 55 प्रतिशत से बढ़कर 80 प्रतिशत तक पहुंची है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा आने वाले वर्षों में भय से भरोसे, संसाधनों से समृद्धि और संभावनाओं से उपलब्धियों की ओर आगे बढ़ेगी।
महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त जारी, महिलाओं के खातों में पहुंची 632.63 करोड़ रुपये से अधिक की राशि
राज्योत्सव के समापन समारोह में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की उपस्थिति में महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त जारी की। इसके अंतर्गत प्रदेश की 67 लाख 40 हजार 410 पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से कुल 632 करोड़ 63 लाख 67 हजार 750 रुपये की राशि अंतरित की गई।
इस किस्त से ई-केवाईसी पूर्ण करा चुकीं 67 लाख 33 हजार 502 महिला हितग्राहियों को लाभ मिला। इसके साथ ही नियद नेल्लानार कैंप क्षेत्रों की 6,908 महिलाओं को भी योजना की 33वीं किस्त प्रदान की गई।
महतारी वंदन योजना के माध्यम से पात्र विवाहित महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। योजना का उद्देश्य महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत करना, परिवार की आवश्यकताओं की पूर्ति में उनकी सहभागिता बढ़ाना और उन्हें आर्थिक रूप से अधिक सक्षम बनाना है।
विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली विभूतियों को राज्य अलंकरण सम्मान
राज्योत्सव के समापन समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने प्रदेश की विभिन्न क्षेत्रों में विशिष्ट योगदान देने वाली प्रतिभाओं, समाजसेवियों, साहित्यकारों, कलाकारों, पत्रकारों, खिलाड़ियों एवं संस्थाओं को राज्य अलंकरण सम्मान प्रदान किए।
समारोह में आदिवासी उत्थान, सामाजिक समरसता, महिला सशक्तिकरण, साहित्य, कला, संस्कृति, पत्रकारिता, खेल, कृषि, सहकारिता, चिकित्सा, श्रम, विधि, ग्रामीण पर्यटन और जनसेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियों के लिए सम्मान प्रदान किए गए।
केंद्रीय गृह मंत्री ने सम्मान प्राप्त करने वाली विभूतियों को बधाई देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की प्रतिभाएं और सांस्कृतिक विरासत प्रदेश की विशिष्ट पहचान हैं। विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तित्व समाज को प्रेरणा देने के साथ प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान कर रहे हैं।
विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में प्रत्येक नागरिक की होगी भागीदारी : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
समारोह की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना की 26वीं वर्षगांठ पर प्रदेशवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने छत्तीसगढ़ राज्य के निर्माता पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी को नमन करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से छत्तीसगढ़ को अलग राज्य की पहचान मिली और विकास की नई यात्रा प्रारंभ हुई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर प्रदेश के लगभग तीन करोड़ नागरिकों को शुभकामना संदेश भेजा है। प्रधानमंत्री ने छत्तीसगढ़ की विकास यात्रा की सराहना करते हुए प्रदेश के निरंतर विकास और समृद्धि की कामना की है।
साय ने राज्योत्सव के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री ने अपने व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद छत्तीसगढ़ के लिए समय निकाला और प्रदेश की जनता के बीच उपस्थित होकर राज्य अलंकरण समारोह की गरिमा बढ़ाई।
नक्सलवाद के विरुद्ध निर्णायक अभियान से बस्तर में विकास को मिली गति
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नक्सलवाद के उन्मूलन के लिए 31 मार्च 2026 की समयसीमा निर्धारित करते हुए स्पष्ट संकल्प व्यक्त किया था। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री ने पिछले दो वर्षों के दौरान एक दर्जन से अधिक बार छत्तीसगढ़ का दौरा किया और दूरस्थ नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर सुरक्षा बलों तथा स्थानीय नागरिकों का मनोबल बढ़ाया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय सुरक्षा बलों, छत्तीसगढ़ पुलिस के जवानों और बस्तर की जनता के सहयोग से नक्सलवाद के विरुद्ध महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। उन्होंने इस अभियान में योगदान देने वाले सुरक्षा बलों के साहस और बलिदान को नमन किया।
साय ने कहा कि नक्सलवाद लंबे समय से छत्तीसगढ़, विशेषकर बस्तर के विकास में बड़ी बाधा रहा है। अब शांति और सुरक्षा का वातावरण मजबूत होने से शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, बिजली, संचार, पर्यटन और रोजगार के क्षेत्र में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी।
मोदी की गारंटी के अधिकांश वादों को पूरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धियां
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रदेश की जनता से किए गए वादों को राज्य सरकार प्राथमिकता के साथ पूरा कर रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना, किसानों के हित में लिए गए निर्णय, महतारी वंदन योजना, तेंदूपत्ता संग्रहण पारिश्रमिक में वृद्धि और रामलला दर्शन योजना सहित अनेक घोषणाओं को क्रियान्वित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रदेश की लगभग 68 लाख महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। योजना के अंतर्गत अब तक 21 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि महिलाओं के बैंक खातों में अंतरित की जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि रामलला दर्शन योजना के अंतर्गत प्रदेश के 55 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या धाम जाकर प्रभु राम के दर्शन कर चुके हैं। राज्य सरकार का प्रयास है कि जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचे।
विकसित भारत 2047 के लक्ष्य के अनुरूप आगे बढ़ रहा छत्तीसगढ़
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लिया है। इसी लक्ष्य के अनुरूप छत्तीसगढ़ सरकार ने विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण के लिए विजन डॉक्यूमेंट तैयार किया है और निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज संपदा, वन संपदा, कृषि संसाधनों और प्राकृतिक विविधता से समृद्ध प्रदेश है। यहां के नागरिकों की सरलता, परिश्रम और आत्मीयता की पहचान पूरे देश में है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 'छत्तीसगढ़िया सबसे बढ़िया' की भावना प्रदेश की सामाजिक और सांस्कृतिक पहचान को अभिव्यक्त करती है।
मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से छत्तीसगढ़ आने वाले वर्षों में विकास, समृद्धि और खुशहाली के नए आयाम स्थापित करेगा।
राज्य अलंकरण से सम्मानित प्रतिभाओं को मुख्यमंत्री ने दी बधाई
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य अलंकरण सम्मान प्राप्त करने वाले सभी व्यक्तियों और संस्थाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तित्व प्रदेश की अमूल्य धरोहर हैं। उनकी उपलब्धियां नई पीढ़ी को समाजसेवा, नवाचार, रचनात्मकता और राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करती हैं।
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया और कहा कि सभी के सामूहिक प्रयासों से समृद्ध, सशक्त और खुशहाल छत्तीसगढ़ का निर्माण होगा।
बारिश के बीच भी राज्योत्सव में उमड़ा जनसमूह, केंद्रीय गृह मंत्री ने जताया आभार
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने संबोधन के अंत में बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में समारोह में पहुंचे नागरिकों के उत्साह और सहभागिता की सराहना की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता का अपनी संस्कृति, राज्य स्थापना दिवस और विकास के प्रति लगाव प्रेरणादायी है।
उन्होंने कहा कि बारिश के बीच भी बड़ी संख्या में नागरिकों की उपस्थिति छत्तीसगढ़ के प्रति उनके प्रेम और आत्मीयता को प्रदर्शित करती है। उन्होंने प्रदेशवासियों को राज्य स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए छत्तीसगढ़ महतारी को नमन किया।
समारोह में उपमुख्यमंत्री अरुण साव, विजय शर्मा, राज्य शासन के मंत्रीगण, सांसद, विधायक, अन्य जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी, राज्य अलंकरण से सम्मानित विभूतियां तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।



