भरोसे का नहीं, फर्जी है बजट : पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह

इंडिया एज न्यूज नेटवर्क
रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बजट पेश किया। यह बजट सीएम बघेल के कार्यकाल का आखिरी है। मुख्यमंत्री बघेल ने इस दौरान अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। साथ ही प्रदेश की आर्थिक स्थिति का सर्वेक्षण भी प्रस्तुत किया। इस बीच सीएम बघेल ने कई अहम ऐलान किए। राज्य सरकार ने इस बजट को “भरोसे का बजट” का नाम दिया है। इस बीच पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने इसे फर्जी बजट करार दिया है।
पूर्व सीएम रमन सिंह ने भी ट्वीट किया। ट्विटर पर एक पोस्ट के जरिए बजट को फर्जी बताते हुए सीएम बघेल पर निशाना साधते हुए कुछ कारण भी बताए। रमन सिंह कहते हैं दाऊ भूपेश बघेल का पिछला बजट कांग्रेस द्वारा कुप्रबंधित “धोखाधड़ी वाला बजट” क्यों था?
2 साल का अवैतनिक बोनस, निषेध सूचना, 200 फूड गार्डन, कर्मचारियों का नियमितीकरण, पत्रकार सुरक्षा अधिनियम उन्होंने कहा कि यह बजट घोषणापत्र पर आधारित नहीं है, बल्कि केवल चुनावों पर आधारित है।
रमन सिंह यहीं नहीं रुके, उन्होंने एक अन्य ट्वीट में लिखा कि अगर दाऊ भूपेश बघेल ने आज अपना काल्पनिक बजट पेश करने से पहले घोषणापत्र के 36 बिंदुओं को पढ़ लिया होता तो बजट पढ़ने की हिम्मत नहीं करते। कांग्रेस के पिछले बजट में घोषणापत्र के वादे नदारद थे। यही वजह है कि यह बजट भूपेश के लिए सिर्फ लॉलीपॉप है।
नेता प्रतिपक्ष ने बताया चुनावी झुंझना : वहीं विपक्ष के नेता नारायण चंदेल ने बजट पर अपनी प्रतिक्रिया में इसे चुनावी स्टंट करार दिया। उन्होंने कहा कि बजट से किसी को कुछ नहीं मिलने वाला है। सरकार ने घोषणा की कि वह बेरोजगारी लाभ जारी करेगी, और सरकार के पास केवल 6 महीने बचे हैं। अब इसका भुगतान किसे किया जाएगा? मैं बजट को शून्य संख्या दूंगा।